
जयपुर: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को अमर जवान ज्योति से ‘सरदार@150 यूनिटी मार्च’ के अंतर्गत आयोजित यमुना प्रवाह यात्रा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर, उन्होंने युवाओं से लौह पुरूष सरदार वल्लभ भाई पटेल के जीवन से प्रेरणा लेने और ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना को सर्वोपरि रखते हुए एक मजबूत और विकसित भारत के निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।
सरदार पटेल ने दूरदर्शिता से देश को किया एकजुट
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि सरदार पटेल ने अपनी दूरदर्शी सोच, दृढ़ इच्छाशक्ति और साहसिक निर्णयों से भारत को एकजुट करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने याद दिलाया कि 15 अगस्त 1947 के बाद देश की 562 रियासतों का एकीकरण सरदार पटेल की कूटनीति और कठोरता के कारण ही संभव हो सका, जिसमें उन्होंने ‘ऑपरेशन पोलो’ जैसे कदम उठाकर हैदराबाद और जनमत संग्रह से जूनागढ़ को भारत में शामिल कराया।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के आह्वान पर पूरे देश में सरदार पटेल की 150वीं जयंती मनाई जा रही है। इसी के तहत संचालित यह यमुना प्रवाह यात्रा राजस्थान सहित विभिन्न प्रदेशों के युवाओं को जयपुर से कमरसद तक की यात्रा पर ले जाएगी, जिससे उन्हें सरदार पटेल के जीवन, संघर्ष और देशभक्ति को करीब से जानने का प्रत्यक्ष अनुभव मिले।
धारा 370 हटाकर पूरा हुआ सरदार पटेल का सपना
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने कश्मीर से धारा 370 हटाकर सरदार पटेल के अधूरे सपने को पूरा किया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के प्रयासों से आज भारत एक सूत्र में बंध रहा है और सरदार पटेल के योगदान को सम्मान देते हुए ही विश्व की सबसे बड़ी प्रतिमा ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ का निर्माण किया गया है। उन्होंने कहा कि पूरा विश्व आज भारत को उम्मीदों से देख रहा है।


